Breaking News
उत्तराखंड के हर ब्लॉक में बनेंगे मिनी स्टेडियम- मुख्यमंत्री धामी
उत्तराखंड के हर ब्लॉक में बनेंगे मिनी स्टेडियम- मुख्यमंत्री धामी
देहरादून एसएसपी से मिलने पहुंची नन्ही बच्ची, फूल देकर जताया पुलिस के प्रति सम्मान
देहरादून एसएसपी से मिलने पहुंची नन्ही बच्ची, फूल देकर जताया पुलिस के प्रति सम्मान
महिलाओं की समस्याओं का निस्तारण शासन-प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए- कुसुम कंडवाल
महिलाओं की समस्याओं का निस्तारण शासन-प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए- कुसुम कंडवाल
खाना खाने के बाद क्यों आती है नींद? जानिए क्या कहते हैं स्वास्थ्य विशेषज्ञ
खाना खाने के बाद क्यों आती है नींद? जानिए क्या कहते हैं स्वास्थ्य विशेषज्ञ
रसोई गैस और पेट्रोल-डीजल की बढ़ती कीमतों पर यूथ कांग्रेस का हल्ला बोल
रसोई गैस और पेट्रोल-डीजल की बढ़ती कीमतों पर यूथ कांग्रेस का हल्ला बोल
प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में देश में “हर घर नल से जल” का संकल्प तेजी से साकार हो रहा- त्रिवेन्द्र
प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में देश में “हर घर नल से जल” का संकल्प तेजी से साकार हो रहा- त्रिवेन्द्र
‘डकैत’ की रिलीज टली, अब फिल्म 10 अप्रैल को देगी सिनेमाघरों में दस्तक
‘डकैत’ की रिलीज टली, अब फिल्म 10 अप्रैल को देगी सिनेमाघरों में दस्तक
पूर्व सैनिकों के प्रतिनिधिमंडल ने सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी से की मुलाकात
पूर्व सैनिकों के प्रतिनिधिमंडल ने सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी से की मुलाकात
भराड़ीसैंण में मोर्निंग वाक पर निकले सीएम धामी, स्थानीय लोगों के साथ लिया चाय की चुस्कियों का आनन्द
भराड़ीसैंण में मोर्निंग वाक पर निकले सीएम धामी, स्थानीय लोगों के साथ लिया चाय की चुस्कियों का आनन्द

अलंकरण समारोह में अमित शाह ने BSF की भूमिका को बताया विश्वस्तरीय

अलंकरण समारोह में अमित शाह ने BSF की भूमिका को बताया विश्वस्तरीय

देशभक्ति और समर्पण के दम पर बना BSF सबसे प्रभावशाली सीमा सुरक्षा बल

केंद्रीय गृह मंत्री ने 2,000 से अधिक शहीदों को देश के प्रति उनके सर्वोच्च बलिदान के लिए किया नमन

नई दिल्ली। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने शुक्रवार को सीमा सुरक्षा बल (BSF) के अलंकरण समारोह में भाग लिया और जवानों की वीरता व समर्पण की सराहना की। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि देश की सबसे चुनौतीपूर्ण सीमाओं — बांग्लादेश और पाकिस्तान — की सुरक्षा की जिम्मेदारी जब बीएसएफ को सौंपी गई, तो इस बल ने अपनी क्षमताओं से उसे पूरी तरह न्याय दिया।

शाह ने बीएसएफ के इतिहास और बलिदान को याद करते हुए कहा, “1965 से लेकर अब तक, देश की सीमाओं की रक्षा करते हुए 2,000 से अधिक जवानों ने अपने प्राणों की आहुति दी है। मैं उनके इस सर्वोच्च बलिदान को राष्ट्र की ओर से नमन करता हूं।” उन्होंने यह भी कहा कि बीएसएफ इस बात का प्रतीक है कि देशभक्ति और समर्पण के बल पर किसी भी कठिनाई को पार कर विश्व का श्रेष्ठ बल कैसे बना जा सकता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top