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चारधाम यात्रा में स्वास्थ्य सुरक्षा को लेकर प्रशासन सतर्क, पांच लाख से अधिक श्रद्धालुओं की हुई स्वास्थ्य जांच

चारधाम यात्रा में स्वास्थ्य सुरक्षा को लेकर प्रशासन सतर्क, पांच लाख से अधिक श्रद्धालुओं की हुई स्वास्थ्य जांच

डिजिटल निगरानी से जुड़ा चारधाम, ‘ई-स्वास्थ्य धाम’ पोर्टल से हो रही ट्रैकिंग

केदारनाथ धाम में 17 बेड का अस्पताल शुरू

चमोली।  चारधाम यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की धार्मिक भावना के साथ-साथ उनके स्वास्थ्य की सुरक्षा को भी प्राथमिकता दी जा रही है। उत्तराखंड सरकार द्वारा यात्रियों की सुविधा के लिए व्यापक स्तर पर चिकित्सा इंतजाम किए गए हैं। स्वास्थ्य सचिव डॉ. आर. राजेश कुमार ने जानकारी दी कि अब तक पांच लाख से अधिक श्रद्धालुओं की स्वास्थ्य जांच की जा चुकी है।

उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और स्वास्थ्य मंत्री डॉ. धन सिंह रावत के निर्देशानुसार स्वास्थ्य विभाग ने ऊंचाई वाले इलाकों में आवश्यक चिकित्सा सहायता को बेहतर बनाने पर विशेष ध्यान केंद्रित किया है। हर साल तीर्थ यात्रियों की संख्या में बढ़ोतरी हो रही है, जिनमें बड़ी संख्या में वृद्धजन और अस्वस्थ लोग भी शामिल होते हैं। ठंड और कम ऑक्सीजन जैसे जोखिमों को देखते हुए इस बार तीन स्तरों पर चिकित्सा ढांचे को मजबूत किया गया है।

प्राथमिक चिकित्सा केंद्रों से लेकर आधुनिक अस्पताल तक इंतजाम

इस बार रुद्रप्रयाग, चमोली और उत्तरकाशी जिलों में 49 स्थायी चिकित्सा केंद्र और 20 मेडिकल रिलीफ पोस्ट क्रियाशील हैं। साथ ही हरिद्वार, देहरादून, टिहरी और पौड़ी में भी स्वास्थ्य सुविधाएं बढ़ाई गई हैं। यात्रा मार्गों की शुरुआत में 57 स्क्रीनिंग कियोस्क लगाए गए हैं और कुछ नए केंद्रों को जोड़ा गया है।

केदारनाथ में 17 बेड वाला अस्पताल और विशेषज्ञ डॉक्टरों की तैनाती

केदारनाथ धाम में एक 17 बिस्तरों वाला अस्थायी अस्पताल चालू किया गया है। स्वास्थ्य सेवा को मजबूत करने के लिए कुल 31 विशेषज्ञ डॉक्टर, 200 मेडिकल ऑफिसर और 381 पैरामेडिकल स्टाफ को तैनात किया गया है। विशेषज्ञ डॉक्टरों में राज्य, केंद्र सरकार और निजी संस्थानों से आए विशेषज्ञ शामिल हैं।

स्वास्थ्य जांच के आधार पर सलाह और रेफरल सेवा

अब तक की गई जांचों में कई श्रद्धालु उच्च रक्तचाप या सांस की तकलीफ जैसी समस्याओं से पीड़ित पाए गए, जिन्हें आगे यात्रा न करने की सलाह दी गई। 29 श्रद्धालुओं को सुरक्षा के दृष्टिकोण से वापस भेजा गया, जबकि 369 को एंबुलेंस और 33 को हेली सेवा के ज़रिए उच्च चिकित्सा केंद्रों में रेफर किया गया।

डिजिटल मॉनिटरिंग से जुड़ी स्वास्थ्य सेवा

यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं के स्वास्थ्य डाटा की निगरानी ‘ई-स्वास्थ्य धाम’ पोर्टल के माध्यम से की जा रही है। इसके लिए 50 टैबलेट वितरित किए गए हैं ताकि हर मेडिकल यूनिट का डाटा डिजिटल रूप से रिकॉर्ड हो। पूरे यात्रा मार्ग पर 154 एंबुलेंस सक्रिय रूप से तैनात की गई हैं।

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