Breaking News
ज्योतिर्मयी नायक बनीं इंडियन आइडल 16 की विनर, जीती ट्रॉफी और 20 लाख रुपये
ज्योतिर्मयी नायक बनीं इंडियन आइडल 16 की विनर, जीती ट्रॉफी और 20 लाख रुपये
शांतिपूर्ण प्रदर्शन नागरिकों का संवैधानिक अधिकार- सुप्रीम कोर्ट
शांतिपूर्ण प्रदर्शन नागरिकों का संवैधानिक अधिकार- सुप्रीम कोर्ट
मीराबाई चानू ने रचा इतिहास, राष्ट्रमंडल खेलों में लगातार तीसरी बार जीता स्वर्ण
मीराबाई चानू ने रचा इतिहास, राष्ट्रमंडल खेलों में लगातार तीसरी बार जीता स्वर्ण
अगले तीन घंटे उत्तराखंड के कई जिलों में भारी बारिश और आकाशीय बिजली का अलर्ट
अगले तीन घंटे उत्तराखंड के कई जिलों में भारी बारिश और आकाशीय बिजली का अलर्ट
कांवड़ यात्रा के लिए देहरादून में विशेष ट्रैफिक प्लान, धर्मावाला से डायवर्ट होंगे कांवड़ वाहन
कांवड़ यात्रा के लिए देहरादून में विशेष ट्रैफिक प्लान, धर्मावाला से डायवर्ट होंगे कांवड़ वाहन
‘भ्रमण से भ्रम मिटते हैं, सीमांत गांव देश के प्रहरी भी हैं और पहला पड़ाव भी’-प्रधानमंत्री मोदी
‘भ्रमण से भ्रम मिटते हैं, सीमांत गांव देश के प्रहरी भी हैं और पहला पड़ाव भी’-प्रधानमंत्री मोदी
क्या आपकी भी सीढ़ियां चढ़ते ही फूलने लगती है सांस? तो जान लीजिये इसके पीछे के कारण
क्या आपकी भी सीढ़ियां चढ़ते ही फूलने लगती है सांस? तो जान लीजिये इसके पीछे के कारण
मुख्यमंत्री ने प्रदान की विभिन्न विकास योजनाओं एवं निर्माण कार्यों के लिए ₹ 62 करोड़ की वित्तीय स्वीकृति
मुख्यमंत्री ने प्रदान की विभिन्न विकास योजनाओं एवं निर्माण कार्यों के लिए ₹ 62 करोड़ की वित्तीय स्वीकृति
उत्तराखंड में जीएसटी संग्रहण में उल्लेखनीय बढ़ोतरी, नेट एसजीएसटी 24% बढ़ा
उत्तराखंड में जीएसटी संग्रहण में उल्लेखनीय बढ़ोतरी, नेट एसजीएसटी 24% बढ़ा

वन्यजीव संघर्ष पीड़ितों को राहत, आपदा प्रबंधन विभाग ने मुआवजा वितरण के लिए 15 करोड़ रुपये किए स्वीकृत

वन्यजीव संघर्ष पीड़ितों को राहत, आपदा प्रबंधन विभाग ने मुआवजा वितरण के लिए 15 करोड़ रुपये किए स्वीकृत

फसल नुकसान के दावे सबसे ज्यादा

देहरादून। राज्य में वन्यजीवों के हमलों से प्रभावित लोगों को बड़ी राहत मिलने जा रही है। आपदा प्रबंधन विभाग ने वन्यजीव संघर्ष से जुड़े मुआवजा प्रकरणों के निस्तारण के लिए 15 करोड़ रुपये की राशि स्वीकृत कर दी है। लंबे समय से लंबित चल रहे मामलों में अब पीड़ितों को मुआवजा मिल सकेगा।

वन विभाग के पास मानव मृत्यु, घायल होने, फसल नुकसान, पशुधन हानि और भवन क्षति से जुड़े करीब 18 करोड़ रुपये के दावे लंबित थे। पर्याप्त बजट न होने के कारण इन मामलों में भुगतान अटका हुआ था। स्थिति को देखते हुए वन विभाग ने आपदा मोचन निधि से सहायता उपलब्ध कराने का अनुरोध आपदा प्रबंधन विभाग से किया था, जिसे अब मंजूरी मिल गई है। इस संबंध में विभाग द्वारा औपचारिक आदेश भी जारी कर दिए गए हैं।

फसल नुकसान के दावे सबसे अधिक
लंबित मुआवजा मामलों में सबसे बड़ी संख्या फसल क्षति से जुड़े प्रकरणों की है। हाथी सहित अन्य वन्यजीवों द्वारा फसलों को भारी नुकसान पहुंचाया गया, जिसके लिए लगभग 13 करोड़ रुपये का मुआवजा प्रस्तावित है। इसके अलावा पशु हानि और मकानों को हुए नुकसान के मामले भी सूची में शामिल हैं।

विभागीय अधिकारियों के अनुसार, मानव मृत्यु से जुड़े पांच मामलों में भी अनुग्रह राशि का भुगतान किया जाना है। अब स्वीकृत धनराशि मिलने के बाद वन विभाग द्वारा चरणबद्ध तरीके से सभी लंबित मुआवजा प्रकरणों का निस्तारण किया जाएगा, जिससे प्रभावित परिवारों को आर्थिक संबल मिल सकेगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top