Breaking News
किडनी स्टोन को नजरअंदाज करना पड़ सकता है भारी, समय पर इलाज जरूरी
किडनी स्टोन को नजरअंदाज करना पड़ सकता है भारी, समय पर इलाज जरूरी
पार्टी कार्यकर्ताओं संग हरिद्वार रवाना हुए कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी
पार्टी कार्यकर्ताओं संग हरिद्वार रवाना हुए कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी
जन औषधि केंद्र आज करोड़ों जरूरतमंद लोगों के लिए किसी वरदान से कम नहीं- मुख्यमंत्री धामी
जन औषधि केंद्र आज करोड़ों जरूरतमंद लोगों के लिए किसी वरदान से कम नहीं- मुख्यमंत्री धामी
‘चरक: फियर ऑफ फेथ’ की बॉक्स ऑफिस पर धीमी शुरुआत, फिल्म ने पहले दिन कमाए इतने रुपये
‘चरक: फियर ऑफ फेथ’ की बॉक्स ऑफिस पर धीमी शुरुआत, फिल्म ने पहले दिन कमाए इतने रुपये
नगर निगम का पहला फूड कोर्ट डेस्टिनेशन का निर्माण कार्य अंतिम चरण में, जल्द खुलेगा आम जनता के लिए
नगर निगम का पहला फूड कोर्ट डेस्टिनेशन का निर्माण कार्य अंतिम चरण में, जल्द खुलेगा आम जनता के लिए
सार्वजनिक संपत्ति और सौन्दर्यीकरण कार्यों को नुकसान पहुंचाने वालों के खिलाफ होगी कड़ी कार्रवाई- बंशीधर तिवारी
सार्वजनिक संपत्ति और सौन्दर्यीकरण कार्यों को नुकसान पहुंचाने वालों के खिलाफ होगी कड़ी कार्रवाई- बंशीधर तिवारी
कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज ने नेपाल चुनाव में बालेंद्र शाह की प्रचंड जीत पर दी बधाई
कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज ने नेपाल चुनाव में बालेंद्र शाह की प्रचंड जीत पर दी बधाई
गृहमंत्री के दौरे से पहले डीएम सविन बंसल ने एसएसपी संग व्यवस्थाओं का किया स्थलीय निरीक्षण
गृहमंत्री के दौरे से पहले डीएम सविन बंसल ने एसएसपी संग व्यवस्थाओं का किया स्थलीय निरीक्षण
चारधाम यात्रा के लिए सरकार पूरी तरह से तैयार- महाराज
चारधाम यात्रा के लिए सरकार पूरी तरह से तैयार- महाराज

उत्तराखण्ड में 2019 के मुकाबले इस बार 5 प्रतिशत कम रहा मतदान

उत्तराखण्ड में 2019 के मुकाबले इस बार 5 प्रतिशत कम रहा मतदान

कम मतदान ने राजनीतिक दलों के साथ सरकारी मशीनरी को भी चौंकाया

देहरादून। उत्तराखण्ड के मतदाताओं ने इस बार के चुनाव में उत्साह नहीं दिखाया। 2019 के लोकसभा चुनाव के मुकाबले 2024 में मतदान का प्रतिशत 4 से 7 प्रतिशत कम रहने की उम्मीद है। राज्य में कुल 83 लाख मतदाता हैं। पांच लोकसभा सीटों पर 55 उम्मीदवार मैदान में थे।प्रदेश में 11729 पोलिंग बूथ बनाये गए थे। उम्मीद जताई जा रही है कि इस बार मतदान का प्रतिशत 58 प्रतिशत के इर्द गिर्द रहने की संभावना है।

हालांकि, देर रात तक कुल मतदान की वास्तविक तस्वीर सामने आएगी। लेकिन शाम 5 बजे तक के आंकड़ों के मुताबिक पांचों लोकसभा सीटों पर 53.56 प्रतिशत मतदान हुआ। गौरतलब है कि 2019 में शाम 5 बजे तक 58.01प्रतिशत मतदाताओं ने मतदान किया था। 2019 के लोकसभा चुनाव में 61 प्रतिशत से अधिक मतदान हुआ था। कम मतदान से यह साफ हो गया है कि इस बार मोदी लहर का काफी सीमित रही। हालांकि, शादी के मौसम को भी कम मतदान की एक वजह बताई जा रही है। लेकिन 75 प्रतिशत तक मतदान के दावे की उदासीन मतदाताओं ने हवा निकाल दी।

शाम 5 बजे तक हरिद्वार लोकसभा की भाजपा विधायकों वाली सीटों पर मतदान का प्रतिशत कांग्रेस व बसपा से जुड़ी सीटों की अपेक्षा कम रहा। इस आंकड़े से दोनों दलों में गुणा भाग तेज हो गया है। 2024 में कम मतदान के बाद राजनीतिक दलों की धड़कनें तेज हो गयी है।

राज्य का कुल औसत – 53.56

  1. नैनीताल- 59.36
  2. हरिद्वार – 59.01
  3. अल्मोड़ा – 44.43
  4. टिहरी – 51.01
  5. गढ़वाल – 48.79

साल 2019 का औसत – 58.01

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top