Breaking News
उत्तराखंड में इमरजेंसी रिस्पॉन्स सिस्टम होगा मजबूत, 112 से जुड़ेंगी सभी हेल्पलाइन
उत्तराखंड में इमरजेंसी रिस्पॉन्स सिस्टम होगा मजबूत, 112 से जुड़ेंगी सभी हेल्पलाइन
लक्ष्मणझूला क्षेत्र में गंगा नदी में स्नान के दौरान युवक डूबा, SDRF का सर्च अभियान जारी
लक्ष्मणझूला क्षेत्र में गंगा नदी में स्नान के दौरान युवक डूबा, SDRF का सर्च अभियान जारी
हिमाचल का फरार बदमाश पटेलनगर से गिरफ्तार
हिमाचल का फरार बदमाश पटेलनगर से गिरफ्तार
श्रमिक कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है सरकार- मुख्यमंत्री धामी 
श्रमिक कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है सरकार- मुख्यमंत्री धामी 
‘द स्कैम-लीक्ड’ का टीजर जारी, पेपर लीक के दर्द और छात्रों के संघर्ष को दिखाएगी सीरीज
‘द स्कैम-लीक्ड’ का टीजर जारी, पेपर लीक के दर्द और छात्रों के संघर्ष को दिखाएगी सीरीज
मुख्यमंत्री धामी ने स्व. मनोज मनराल को दी श्रद्धांजलि
मुख्यमंत्री धामी ने स्व. मनोज मनराल को दी श्रद्धांजलि
भारत और जिम्बाब्वे के बीच टी20 सीरीज का पहला मुकाबला आज
भारत और जिम्बाब्वे के बीच टी20 सीरीज का पहला मुकाबला आज
असम में बारिश बनी आफत, 24 घंटे में 10 लोगों की हुई मौत
असम में बारिश बनी आफत, 24 घंटे में 10 लोगों की हुई मौत
सीएम धामी ने पेपर लीक मामलों पर फास्ट ट्रैक कोर्ट के प्रधानमंत्री के निर्णय का किया स्वागत
सीएम धामी ने पेपर लीक मामलों पर फास्ट ट्रैक कोर्ट के प्रधानमंत्री के निर्णय का किया स्वागत

देहरादून आपदा- शिखर फॉल से जुड़ी मुख्य पेयजल लाइन पूरी तरह क्षतिग्रस्त, पानी के लिए तरसे हजारों लोग

देहरादून आपदा- शिखर फॉल से जुड़ी मुख्य पेयजल लाइन पूरी तरह क्षतिग्रस्त, पानी के लिए तरसे हजारों लोग

प्राकृतिक स्रोतों पर लगी लंबी कतारें, लोग डिब्बे-कैन लेकर भर रहे पानी

देहरादून। देहरादून में आपदा से मची तबाही का असर अब तक खत्म नहीं हो पाया है। सड़कों, पुलों और घरों के साथ-साथ पेयजल लाइनों को भी भारी नुकसान पहुंचा है। स्थिति यह है कि दून के करीब 35 हजार लोग पिछले कुछ दिनों से पानी की गंभीर किल्लत झेल रहे हैं।

शिखर फॉल से जुड़ी मुख्य पेयजल लाइन पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुकी है, जिसकी वजह से राजपुर, जाखन, मालसी, कुठालगेट, सपेरा बस्ती, सुमन नगर और कैरवान गांव जैसे क्षेत्रों में सप्लाई पूरी तरह ठप है। मजबूरन लोग ओल्ड मसूरी रोड किनारे बह रहे प्राकृतिक स्रोतों से पानी भरने को मजबूर हैं। सुबह से ही लोग लाइन लगाकर बर्तन, डिब्बे और केन में पानी भरते नजर आते हैं। कई युवक यहीं नहाते हैं तो महिलाएं कपड़े धोकर काम चला रही हैं।

सचिव पेयजल शैलेश बगौली ने 17 सितंबर को निर्देश दिए थे कि 19 सितंबर तक आपूर्ति बहाल कर दी जाए, लेकिन अब तक स्थिति जस की तस है। जल संस्थान की टीमें लगातार मरम्मत में जुटी हैं और प्रभावित क्षेत्रों में टैंकर भेजे जा रहे हैं, हालांकि जहां सड़कें टूटी हुई हैं वहां टैंकर भी नहीं पहुंच पा रहे हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top