Breaking News
शिक्षा विभाग में पदोन्नत हुए चार अधिकारियों को मिली नई जिम्मेदारी
शिक्षा विभाग में पदोन्नत हुए चार अधिकारियों को मिली नई जिम्मेदारी
जनगणना 2026 की तैयारियों की जिलाधिकारी ने की विस्तृत समीक्षा, 25 अप्रैल से प्रारंभ होगा प्रथम चरण
जनगणना 2026 की तैयारियों की जिलाधिकारी ने की विस्तृत समीक्षा, 25 अप्रैल से प्रारंभ होगा प्रथम चरण
देहरादून में महिला जन आक्रोश रैली, मुख्यमंत्री धामी हुए शामिल
देहरादून में महिला जन आक्रोश रैली, मुख्यमंत्री धामी हुए शामिल
आईपीएल 2026- रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु और गुजरात टाइटंस के बीच मुकाबला आज
आईपीएल 2026- रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु और गुजरात टाइटंस के बीच मुकाबला आज
मुख्यमंत्री धामी ने समस्त प्रदेशवासियों को दी राष्ट्रीय पंचायती राज दिवस की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं
मुख्यमंत्री धामी ने समस्त प्रदेशवासियों को दी राष्ट्रीय पंचायती राज दिवस की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं
कृषि मंत्री गणेश जोशी ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से की शिष्टाचार भेंट
कृषि मंत्री गणेश जोशी ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से की शिष्टाचार भेंट
प्रधानमंत्री मोदी ने टिहरी सड़क हादसे पर जताया दुःख
प्रधानमंत्री मोदी ने टिहरी सड़क हादसे पर जताया दुःख
एआई तकनीक से बनी फिल्म ‘द्रोणाचार्य’ का ट्रेलर हुआ रिलीज
एआई तकनीक से बनी फिल्म ‘द्रोणाचार्य’ का ट्रेलर हुआ रिलीज
मुख्यमंत्री धामी ने राष्ट्रकवि रामधारी सिंह दिनकर की पुण्यतिथि पर दी श्रद्धांजलि
मुख्यमंत्री धामी ने राष्ट्रकवि रामधारी सिंह दिनकर की पुण्यतिथि पर दी श्रद्धांजलि

1 जून को पर्यटकों के लिए खुलेगी विश्व प्रसिद्ध फूलों की घाटी, ये रहेगा शुल्क

1 जून को पर्यटकों के लिए खुलेगी विश्व प्रसिद्ध फूलों की घाटी, ये रहेगा शुल्क

500 से अधिक प्रजाति के मिलेंगे फूल

गोपेश्वर। विश्व प्रसिद्ध फूलों की घाटी पर्यटकों के लिए इस वर्ष एक जून को खोल दी जाएगी। नंदा देवी राष्ट्रीय वन प्रभाग इन दिनों घाटी में पर्यटकों के स्वागत की तैयारियों में जुटा है। पर्यटकों व ट्रैकिंग के शौकीनों के लिए फूलों की घाटी काफी मुफीद होती है। प्राकृतिक सौंदर्य से भरपूर घाटी में दुर्लभ हिमालयी वनस्पतियां पाई जाती हैं। यहां जैव विविधता का खजाना है। 500 से अधिक प्रजाति के फूल खिलते हैं।

उप वन संरक्षक बीबी मार्तोलिया ने बताया, घाटी में पहला दल घांघरिया से एक जून को रवाना किया जाएगा। दल को घाटी में ट्रैक के बाद उसी दिन वापस आना होता है। बताया, यहां के लोगों के लिए 200 रुपये और विदेशी नागरिकों के लिए 800 रुपये ईको ट्रैक शुल्क निर्धारित है। घांघरिया में टूरिस्ट गाइड की भी सुविधा उपलब्ध रहेगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top